Rahul Gandhi at Sahaswan, U.P, 13th December 2011
Wednesday, 14 December 2011

राहुल गांधी का भाषण--सहसवान (यूपी)

आपने हमें सरकार की जिम्मदारी दी 2004 में...पहला काम हमनें किया दुनिया में सबसे बड़ा रोजगार का प्रोग्राम मनरेगा लाकर....हमें लगा रोजगार ढूंढने लिए आपको शहर जाना पड़ता है.....क्यों ना हम रोजगार को गांव में लेकर आएं....और दुनिया का सबसे बड़ा रोजगार प्रोग्रमाम हमने शुरु किया....हर व्यक्ति को सौ दिन के रोजगार की गांरटी और 120 रुपए प्रतिदिन मतलब हर गरीब व्यक्ति जो काम करना चाहता है....उसको हिंन्दुस्तान की सरकार मनरेगा के माध्यम से 12000 एक साल में देती है....यूपी की मुख्यमंत्री जी ने कहा कि मनरेगा से किसी को फायदा नहीं होगा......भरी सभा मे उन्होंने कहा.....9 अक्टूबर 2009 को भरी सभा में उन्होंने कहा कि मनरेगा से किसी को फायदा नहीं होगा....आप आंध्रा चले जाओ....केरल जाओ....महाराष्ट्रा जाओ....दिल्ली जाइए....असम जाइए....जहां कांग्रेस पार्टी की सरकार है....किसी भी गांव मे चले जाओ....और गांव वालो से पूछिए....कि मनरेगा से क्या फायदा होता है....गरीब से गरीब लोग आपको बताएंगे.....मनरेगा से हमें इज्जत मिली....मनरेगा से हमें रोजगार मिला...बहुत फायदा हुआ...और आपकी मुख्यमंत्री कहती है कि मनरेगा से किसी को कोई फायदा नहीं मिला....सही बात है यूपी में कोई फायदा नहीं मिला....क्योकि यूपी में मनरेगा को ठीक प्रकार नहीं चलाया जाता....जो पैसा आप तक पहुंचना चाहिए....मंत्रियों की जेबों मे जाता है....लखनऊ में बंट जाता है....और उन्होंने वहां एक बड़ा हाथी बिठाया हुआ है....वो आपका सब पैसा खा जाता है....आमतौर पर हाथी घास खाता है....पर उत्तर प्रदेश में हाथी पैसा खा रहा है....उसके बाद हमें लगा किसान पूरे दिन काम करता है....खून-पसीना देता है देश को और हमने किसानो के लिए 60,000 रुपए कर्जा माफ किया....और इस भीड़ में वे किसाने है....जिनको मालूम है बैंक के दरवाजे एक बार फिर कांग्रेस पार्टी ने उनके लिए खोले है....किसानों को मालूम है कि उनका कर्जा किसने माफ किया....क्यो हम मनरेगा की बात करते है...क्यों कर्जा माफी की बात करते है...क्योकि हम जानते है कि हिंन्दुस्तान की शक्ति इस देश के गरीब व्यक्ति के हाथो में है....इस देश के किसान में है....देश के मजदूर में है....और जब तक उनके हाथ नहीं खोंलेगे.....जब तक हम उसको आगे नहीं बढाएंगे...यह देश आगे नहीं बढ़ सकता....जब हमने कर्जा माफी की बात की पार्लियामेंट में विपक्ष के लोग खड़े हो गए...और उन्होंने हमसे कहा की भईया पैसा कहा से आएगा....जब अमीर लोगो में पैसा देने की बात होती है....किसानो से जमीन छीनने की बात होती है तो पैसा एक मिनट में आ जाता है....जब किसानो की बात होती है मजदूरो की बात होती है.....मनरेगा की बात होती है तो विपक्ष चिल्लाता है कि पैसा कहा से आएगा....हमने दिखा दिया पैसा कहा से आएगा....दे दिया आपका पैसा....60,000 करोड़ रुपए दे दिए....12,000 रुपए हर मजदूर को दे दिए....हमने काम अभी शुरु ही किया है कुछ दिनों में हम भोजन का अधिकार देने वाले है आपको.....हमें लगा हमारे अल्पसंख्यक भाई प्रगति में शामिल नहीं है....क्या किया हमने.....दिल्ली सरकार ने अल्पसंख्यको  के लिए मंत्रालय खोला....सच्चर कमीशन की रिपोर्ट आई.....और उसको हमने लागू किया...उत्तर प्रदेश में क्या हुआ....जो सहूलियते मिलनी थी जो फायदा मिलना था.....जो पैसा हमने भेजा उसका क्या हुआ....वो ही हाथी खा गया उसको.....हमारी कोशिश है सभी लोग एक साथ आगे बढ़े....सब धर्म के लोगो को....सभी जात के लोगो को हम एक साथ आगे ले जाना चाहते है.....किसान की लड़ाई टप्पल में भट्टा-पारसौल में किसने लड़ा हमने लड़ी....किसानो ने कहा कि जब अमीर व्यक्ति अपनी जमीन बेचता है उसे बाजिव कीमत मिलती है.....तो हमें क्यों नहीं अपनी जमीन का सही मूल्य मिलता.....और किसान ने पूछा तो क्या हुआ टप्पल में उसे मारा गया गोली मारी गई....भट्टा-पारसौल में गोली मारी महिलाओं पर अत्याचार हुआ....जब मैं वहा गया तो सरकार के अफसरों ने मुझे कहा कि देखिए आप यहां क्यो आए है.....मैने उनसे कहा कि यहा पर किसानों के साथ हत्याचार हो रहा है इसलिए मैं यहां पर आया हूं.....उन्होंने ने मुझसे कहा भईया यहां पर किसान नहीं है यहां पर नक्सल लोग है....आपकी यूपी की सरकार जब किसान अपना हक मांगता है....तो उसे नक्सल बताती है.....एक समय हुआ करता था जब मुलायम सिंह जी...जैसे नेता लोगो के बीच जाते थे आपके गांवों में जाते थे.....लोगो से बातचीत करते थे....आज वो समय चला गया है.....आज वो आपके बीच में नहीं आते है....आपसे बातचीत नहीं करते..... उदाहरण देता हूं आपको कुछ दिन पहले मैं दौरे पर था.....सड़क पर एक अस्पताल मिला ....मै एमपी हूं तो मैने कहा मै अंदर जाकर देख सकता हू....अंदर कुत्त थे अस्पताल में और अस्पताल की पेंटिग हो रही थी सुंदर सी पेंटिग...मैने  वहां काम कर रहे लोगो से पूछा भाई यहां क्या हो रहा है तो उन्होने बताया भाई मुख्यमंत्री जी का दौरा होने वाला है उन्हें हम यह अस्पताल दिखाएंगे... ....हेली पैड है यहां से 500 मीटर की दूरी पर इसलिए सड़क को हम बना रहे....मायावती जी हेलीपैड पर अपने हेलीकॉप्टर से उतरेगी और यहां आएंगी....और अस्पताल को देखेगी....उसके बाद वो चली जाएगी.....होता क्या है अगर गरीबी समझनी होती है....तो गरीबो के घर में जाओ....अगर किसान की मुश्किले आपको समझनी है.....खेत पर जाओ किसान के पास जाओ 2 मिनट में वो आपको समझा देगा....पांच मिनट नहीं लगते....हाथ मिलाओं तो किसान के फटे हाथ दिख जाते है....सब पता लग जाता है किसान किस प्रकास से काम करता है....उसके घर पर जाओ उसका खाना खाओं....गंदे कुएं का पानी पीओ औऱ दो दिन बीमार हो जाओ तो गरीबी के बारे में सब समझ आ जाता है......कोई मुश्किल काम नहीं है मगर आजकल क्या हो रहा है आपके जो नेता है.....गांव में नहीं जाते है....हेलीकॉप्टर में उड़ते है....मैं भी उड़ता हूं हेलीकॉप्टर में सड़क काफी अच्छी दिखती है.....गांव बहुत साफ दिखते है ऊपर से.....मगर जब तक आप गांव में नहीं जाओगे....किसानो से बात नहीं करोगे....जब तक आप उनका खाना नहीं खाओगे....गंदा पानी पी के बीमार नहीं होगे तब तक आपको गरीबी की समझ नहीं आ सकती......और तब तक आप उत्तर प्रदेश में प्रगति नहीं ला सकते.....तब तक आप उत्तर प्रदेश में बिजली नहीं ला सकते.....तब तक आप उत्तर प्रदेश में सड़क नहीं ला सकते....क्योकि आपको इन चीजो के बारे में समझ नहीं होगी....अगर आप हेलीकॉप्टर में उड़ोगे तब तक आपको सब ठीक से नजर नहीं आएगा....आपको सब ठीक लगेगा.....अब चनाव आ रहा है जनता का जवाब आएगा....चुनाव के बाद पता लगा जाएगा का ठीक था या नहीं था....जब मैं आपके बीच में जाता हूं....हर पार्टी का नेता मेंरा मजाक उड़ाता है....कहता है अरे यह राहुल गांधी को क्या हो गया यह गांव क्यो जा रहा है....इसको गांव में क्या दिखाई दे रहा है....गांव में युवा शक्ति दिखाई दे रही है....औऱ मै आपको बताता हूं यह क्यो कहते है.... यह डरते है...ये डरते है कि राहुल गांधी गांवो में जा रहा है....हम नहीं जाते है....एसी में बैठते है हेलीकॉप्टर में उड़ते है....वे कहते है राहुल गांधी गांव में जा रहा है लोग की बात सुन रहा है मजाक उड़ाते है मेरा....मगर आपके बीच में नहीं आते....आपसे बात नहीं करते.....आपका हाथ नहीं पकडते....औऱ जब तक ये आपका हाथ नहीं पकडेगे....आपकी मुश्किले आपको समझ में नहीं आएगी......यहां सड़क बनती है तीन महीने के लिए बनती है....मंत्री...ठेकेदार सब पैसा खा जाते है....बदलाव कौन लाएगा....बदलाव आप लाओगे....पूरी भरोसा है मुझे आप पर....मै जानता हूं जिस दिन आप ने यहा विकास की सरकार चुनी है.....जिस दिन आपने उत्तर प्रदेश की सरकार चुनी.....उसके पांच साल बाद उत्तर प्रदेश पटरी पर आ जाएगा.....और उससे दस साल बाद बाकी प्रदेशों से लोग यहां आना शुरु हो जाएगे....आज यूपी का युवा इस देश को रास्ता दिखा सकता है.....मगर आज आप यूपी को रास्ता नहीं दिखा पा रहा है.....महाराष्ट्रा में जाते हो काम करते हो....दिल्ली की मेट्रो किसने बनाई....उत्तर प्रदेश के मजदूरों ने बनाई.....हरियाण और पंजाब को जाओ.....वहां के किसानो से पूछो तो पता चलता है यूपी के मजदूरो के बिना वहां किसान खेती नहीं कर सकते......दिल्ली में आप मेट्रो बनाते हो.....महारष्ट्र को आप आगे बढ़ाते हो....बेंगलोर को आगे बढ़ाते हो.....पूरी दुनिया ने हैदराबाद का नाम सुना है....आपने और प्रदेशो को आगे बढ़ाया......यहा समाजवादी पार्टी के नेता कहते है हमें आईटी की जरुरत नहीं कंप्यूटर की जरुरत नहीं.....दुनिया बदल रही है युवाओं को कंप्यूटर से शक्ति मिल रही है.....आपको बदलना है आपको प्रगति लानी है विकास लाना है.....और मैं आपसे कह रहा हूं....दस साल में इस प्रदेश को कोई नहीं पहचानेगा.....अगर आपने यहां पर उत्तर प्रदेश की सरकार बना ली.....समय आ गया है उठो जागो बदलो इस प्रदेश को.....और मैं जानता हूं....कि आप इस काम को करने वाले हो....दिल्ली में आपकी सरकार है....जिस दिन लखनऊ में आपकी सरकार बन गई....उस दिन यहां पर विकास शुरु हो जाएगा....जो भी हम पैसा भेजेगे चाहे वो समाजवादी पार्टी हो चाहे बीएसपी हो....यहा बीजेपी का तो मैं नाम ही नहीं लेना चाहता.....उसको हमने वेंटीलेटर पर डाल दिया है.....उसे या तो हाथी खाएगा या उस पर साइकल चलेगी....आप तक नहीं पहुंचने वाला....आम आदमी की सरकार लाओ.....गरीब आदमी की सरकार लाओ.....और हम मनरेगा का....जननी सुरक्षा योजना का पैसा आप तक पहुंचाएगे.......आप लोग दूर- दूर से यहां आप का बहुत बहुत धन्यवाद जय हिंद.....